एक लड़के का सच्चा प्रेम

एक लड़के का सच्चा प्रेम है
लड़के का नाम सरवन लड़की का नाम संगीता कहानी यहां से स्टार्ट होता है जब अर्चना रुपौली पढ़ने आई थी तभी उस लड़के के गांव में ही लड़की ने रूम भाड़ा ले लिया है जहां पर लड़की नहीं रूम भाड़ा लिया था वहां लड़का पहले भी आता जाता था क्यों आ जाता था क्योंकि उसका दोस्त उसी का घर था लड़की ने उसे दोस्त के घर में रूम भाड़ा पर ले लिया 1 दिन सरवन गया उसके यहां अभी तक सरवन को नहीं पता है कि लड़की कुंभारा पर आया इसे इसके आंख कोई तभी उसका दोस्त बताता है कि कोई लड़की आया है मेरे यहां सोमवार अप्रैल ले लिया और ऐसे ही 2 से 3 दिन वेट करता फिर तक भी लड़का नहीं देखा है लड़की

एक लड़के का सच्चा प्रेम

को नहीं उसको उसने देखा किसी को कोई नहीं देखा है तो 1 दिन लड़के ने अचानक क्या हुआ उसने उधर जा रहा था उसके कमरे की तरफ तभी लड़की की तरह हो गया लड़की ने देख लिया लड़के को लड़के ने भी देख लिया लड़की को और लड़की को देखते ही लड़के को प्यार हो गया और लड़की को भी प्यार हो गया लेकिन अब अभी तक उसमें कोई बातचीत नहीं होता वह भी देखता हूं लड़के भी देखता और लड़की भी देखते रहता था एक दिन उसका दोष निकट चलो इससे हम बात कर आते हैं तुमको और पहचान कराता है उस दोनों को यह है नाम उम्र बताया और तभी से लड़के लड़की में दोनों बातचीत तो होने लगा और लड़के ने प्रपोज कर दिया लड़की ने भी कहा जरा हम लड़की भी नहीं बोल दिया आई लव यू टू बोल दिया इसी तरह से 7 महीना बीत गया और लड़की का स्कूल भी खत्म हो गया और लड़की भी कहा मैं अब जा रही हूं घर वहां की लड़की का घर 2 से 3 किलोमीटर की दूरी पर ही था बस लड़की का भाई जो था वह लड़के के दोस्त बन गया जब लड़की

एक लड़के का सच्चा प्रेम

घर चली गई लड़के रोज शाम को अपनी साइकिल को निकाल कर उसके घर की तरफ जाता बहुत दिन बीत गया इसी तरह जाते रह जाते रहा और बात करते रहता तब फोन पर चुप चुप के 1 दिन हुआ यूं कि लड़की के एक्सीडेंट हो गए और लड़की बहुत ही सीरियस हो गई लड़की को ब्लड ग्रुप और था ब्लड देना था लड़के को तभी कोई नहीं मिल रहा था तभी लड़का को पता चलता है कि लड़की का ब्लड ग्रुप ए नेगेटिव है और लड़का आपका भी ओ नेगेटिव ब्लड ग्रुप था और लड़का तुरंत अपने साइकिल निकालती है और हॉस्पिटल की तरफ चले देता है और वहां जाने के बाद वहां पर जो ब्लड खोल रहा था उसने कहा कि मेरे मेरा भी ब्लड ग्रुप ए नेगेटिव है मेरा ब्लड दे दो उसे और ब्लड दे दिया ब्लड देने के बाद लड़की पूरी तरह से ठीक हो गई और लड़की को से और भी प्यार बढ़ गया अब तो उसने कहा कि मैं उसके बिना जी नहीं पाऊंगी जब एक दिन मिलने के लिए गया वह दोनों एक नदी के किनारे तभी उसका भाई देख लेता है मिलते हैं वह दोनों को कब आए अपने मां बाप को बता देता है कि ऐसे से बात है संगीता कैसे से प्यार करती है और लड़का भी मेरा दोस्ती है उन दोनों की शादी करा दो लेकिन उनके माता-पिता ने मना कर देता है उसका पिता तभी सोच रहा था कि मैं अपनी बेटी की शादी करा देती हूं नहीं तो मेरा समाज में क्या इज्जत रहेगा अगर कुछ पूछने सो गया तो और उसके माता-पिता ने एक लड़के को पसंद किया उन दोनों को शादी कराने पर आ चुका था शादी के दिन ही सारा कुछ हो जाता जब शादी पर लड़की को बैठाया जाता है लड़की शादी से कोई खुश नहीं थे सारा रस मौसम हो गया लेकिन अभी तक शादी नहीं हुई आखिर लड़के ने भी सोच लेता है कि मैं उसके बिना नहीं लूंगा और लड़की भी यही सोच रही थी कि मैं उसके बिना नहीं जी सकती मैं क्या करूं और उसके भाई ने बताया कि तुम दोनों इस घर को छोड़कर चले जाओ यहां से कहीं दूर और दोनों तभी एक साथ उसके भाई ने साथ दिया और दोनों को भगा देता है और दोनों बस पकड़ कर कहीं दूर चला जाता है जब उतर जाता है बस पर तो पास के गांव में जाने लगती है जाते-जाते लड़की को प्यास लग जाती है और लड़का को बोलता है मेरे को पानी प्यास लगाया मुझे पानी पीना है और लड़का चला जाता है पानी लेने के लिए लड़का बहुत लेट लगाने लगता है पानी लेने में जब पानी लेने के लिए जाती जाता है तू लड़की सोच रही है कि लेट क्या हो रहा है मैं भी जाकर देखो तभी लड़की देख कर जा ही रहा था उधर से एक बड़ा ट्रक आता है और लड़की को टक्कर मार के कर चला जाता है और लड़की वहां के वही मर जाती है और लड़का वहां से जब आता है देखता है कि वहां पर भी रोड बहुत लगा है और लड़की को इधर-उधर ढूंढने लगता है लेकिन लड़की मिलती नहीं है उनको अभी भीड़ पर नजर आता है लड़के को तो लड़के वहां से जाकर देखता जब देखती है लड़की वहां पर उसकी लड़की मर चुकी है और लड़का तो भी बहुत रोने लगता है और लड़का धीरे धीरे मानसिक रोग से पागल होने की कगार पर आ जाता है और लड़का पूरी तरह से पागल ही हो जाता है इसी तरह दो से तीन चार महीने बीत जाता है लड़के पागल बहुत हो चुके थे लड़के को भी भूख लग जाता है इसी चलते चलते सड़क पर जा रहा था तभी वही ट्रक जो ट्रक लड़की को धक्का मारा था और लड़के को भी चिपके चला जाता है और यहां पर दोनों का डेट हो जाता है एक ही ट्रक से बस कहानी खत्म हो जाता ।

हेलो मेरे दोस्त मेरा नाम Yugesh राजा है

मैं इस वेबसाइट से आप सभी को थोड़ा सा एंटरटेनमेंट और थोड़ा सा ज्ञान देना चाहता हूं बस मेरा यही उद्देश्य है.
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